महाराष्ट्र में जानी मानी बड़ी कंपनियां महानिर्मिति, महावितरण और महापारेषण जो महाराष्ट्र के अनेक क्षेत्रों में बिजली प्रसारण व्यवस्था को संभालती है और इनके बदौलत ही आज महाराष्ट्र में बिजली पूर्ति व्यवस्था शुरू है। परंतु इन कंपनियों के कामगारों में असंतोष का वातावरण देखने को मिल रहा है। दरअसल हम ऐसा इस लिए कह रहे है क्योंकि 28 फरवरी से महाराष्ट्र राज्य विज मंडल कंत्राटी कामगार संघटना संयुक्त कृति समिति 2024 के नेतृत्व में महाराष्ट्र के अनेक क्षेत्रों में जहां इन तीन कंपनियों के कार्यालय है वहां प्रदर्शन किया गया है। साथ ही चंद्रपुर की बात करें तो, सीटीपीएस चंद्रपुर और संयुक्त कृति समिति की ओर से कामगारों की मांग को मान्य करने के लिए प्रशासन को निवेदन भी दिया गया है। इस विरोध प्रदर्शन में आंदोलनकारियों ने मांग की है की,
तीनों कंपनियों के सभी बिजली संविदा कर्मियों को आज की तारीख में कुल वेतन जो मिलती है, उसमे 1 अप्रैल, 2023 से वेतन में 30% वृद्धि दी जानी चाहिए। साथ ही मनोज रानाडे समिति की रिपोर्ट की सिफ़ारिशों को तत्परता से लागू कर 60 वर्ष की आयु तक के सभी श्रमिकों को ठेकेदारों के बिना एनएमआर के माध्यम से रोजगार में सुरक्षा प्रदान कर ऊर्जा मंत्री एवं प्रशासन ने इन लंबित मुद्दों पर सकारात्मक निर्णय लेते हुए सकारात्मक निर्णय लिया। इन लंबित मुद्दों पर उक्त कंपनी द्वारा बोर्ड शीघ्रता से जारी किया जाना चाहिए।



