Wednesday, April 22, 2026
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महानगरपालिका का पशु विभाग केवल दिखावे का, शहर में जंगली कुत्तों का आतंक

विकास के नाम पर बड़े-बड़े कामों के दावे करने वाले नेताओं और विभाग में महानगरपालिका चंद्रपुर भी किसी से पीछे नहीं है मगर असलियत में ढाक के तीन पात खुले हुए हैं। केवल नेताओं के, अफसरो के और नगरसेवकों के घर के पास साफ सफाई स्ट्रीट लाइट पीने का पानी इत्यादि सुचारू रूप से शुरू दिखता है मगर आम जनता के लिए इसमें से कुछ भी नहीं। यह स्थिति पहले से ही खराब थी मगर पिछले दो वर्षों से महानगर पालिका के चुनाव नहीं होने की वजह से पूरा शहर लावारिस जैसा हो गया है और अफसर मजे की मनमानी जिंदगी काट रहे हैं।

 

कई समस्याओं में से एक समस्या जंगली कुत्तों की है जो शहर के हर गली चौराहे और मोहल्ले में न केवल नजर आते हैं बल्कि वहां के लोगों को और घरेलू जानवरों को बेइंतहा काटते हैं और महानगरपालिका में सूचना करने पर किसी के कान पर जूं तक नहीं रेंगती। ऐसे ही एक घटना में चंद्रपुर के नाम मात्र सिविल लाइंस होने वाले एरिया में कुत्तों का आतंक शुरू है। पिछले कई वर्षों से महानगरपालिका की ओर से श्री जगदीश शेंदरे पशुओं का यह विभाग संभालते हैं और किसी भी तरह की सूचना या शिकायत मिलने पर बहुत प्यार से लोगों को झूठ बोलकर अपनी जिम्मेदारी से बचने का काम कई वर्षों से यह कर रहे हैं इन्हें कोई फर्क नहीं पड़ता कि लोग जिए या मरे।

पिछले 5 दिनों में बाहरी क्षेत्र से आए दो ब्राउन कलर के कुत्तों ने मध्यवर्ती बैंक के पीछे एरिया में करीब 10 घर के पालतू कुत्तों को बुरी तरह काटकर लहूलुहान किया है जिसकी शिकायत इस क्षेत्र में रहने वाले कई हाई प्रोफाइल लोगों ने श्री जगदीश शेंदरे तथा आयुक्त श्री पालीवाल से की थी। मगर शेंद्रे जी को ना किसी पत्रकार ना राजनेता ना समाज भूषण व्यक्तियों से फर्क पड़ता है और ना ही वे आयुक्त सब का आदेश पालन करने की जहमत उठाते हैं। उल्टा बार-बार फोन करने पर शेंद्रे साहब लोगों का फोन उठाना बंद कर देते हैं या फिर गलती से फोन उठा लिए तो “आपका काम तो हो चुका है” ऐसा उटपटांग जवाब देते हैं।

स्थिति इतनी भयावह हो चुकी है कि यहां के नागरिक अब अपने-अपने पालतू जानवरों की सुरक्षा के लिए प्रेस कॉन्फ्रेंस या रास्ते पर उतरकर आंदोलन करने तक की बात करने के लिए मजबूर हो चुके हैं।

आश्चर्य की बात यह है कि चंद्रपुर की दो बार महापौर रह चुकी राखी कंचारलावार, दो बार सभापति रह चुके देवेंद्र वाढई, कांग्रेस की फायर ब्रांड नेता सुनीता लोढीया और चंद्रपुर के युवा आक्रामक नेता पप्पू देशमुख इसी प्रभाग से नगरसेवक थे। इसके बावजूद क्षेत्र के नागरिक सिविल लाइंस जैसे क्षेत्र में रहने के बावजूद छोटी-छोटी समस्याओं से जूझ रहे हैं।

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